National

हरामी नाले के जरिये भारत में घुस सकते हैं पाकिस्तानी आतंकी, जानिए कहां है यह नाला?

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 को हटाए जाने के बाद से पाकिस्तान भारत की शांति व्यवस्था को खराब करने का लगातार प्रयास कर रहा है। सीमा पर रोजाना सीजफायर का उल्लंघन किया जा रहा है। खुफिया जानकारी के अनुसार, पाक के आतंकी संगठनों ने अपने यहां प्रशिक्षित कुछ आतंकियों को समुद्र के रास्ते भारत में प्रवेश कराकर आतंकी हमला किए जाने का निर्देश दिया है। उस पर अमल के लिए एक कमांडो दस्ता हरामी नाले के जरिये यहां प्रवेश कर चुका है।  5 दिन पहले सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों ने गुजरात के कच्छ इलाके में हरामी नाला के समीप पाकिस्तान की दो मछली पकड़ने वाली खाली नाव बरामद की है, उसके बाद से एलर्ट जारी कर दिया गया है। इससे पहले 27 अगस्‍त को नेवी चीफ एडमिरल करमबीर सिंह ने खुफिया सूचना के हवाले से कहा था कि जैश-ए-मोहम्‍मद ने अपनी एक समुद्री विंग बनाई है और आतंकवादियों को पानी के रास्ते से पहुंचकर हमला करने का प्रशिक्षण दे रहा है। ऐसी आशंका है कि इस विंग के कुछ आतंकी इस रास्ते से भारत में आए हो। पाकिस्‍तान प्रशिक्षित ‘कमांडो’ के घुसने की सूचना के बाद गुजरात के तटीय इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है।

क्या है हरामी नाला

भारत-पाक सीमा से लगे कच्छ के सरक्रीक में ‘हरामी नाला’ है। आम लोगों के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबंधित इस क्षेत्र में 8 किमी लंबा खतरनाक दलदल है, यह वाटर चैनल करीब पांच सौ वर्ग किमी में फैला है। हरामी नाला गुजरात के कच्‍छ इलाके में भारत और पाकिस्‍तान को बांटने वाला 22 किमी लंबा समुद्री चैनल है। यह दोनों देशों के बीच सर क्रीक इलाके की 96 किलोमीटर विवादित सीमा का हिस्‍सा है।  22 किमी हरामी नाला घुसपैठियों और तस्‍करों के लिए स्‍वर्ग के समान है। इसी वजह से इसका नाम ‘हरामी नाला’ रखा गया है। यहां पानी का स्‍तर ज्‍वार-भाटा और मौसम की वजह से लगातार बदलता रहता है। इसलिए इसे बेहद खतरनाक भी माना जाता है। पाकिस्तान के आतंकी इसी नाले के जरिए प्रवेश करते रहे हैं। पिछले कुछ सालों में यह इलाका पाकिस्तानी मछुआरों द्वारा जल सीमा के उल्लंघन का गवाह रहा है। पाक ने इस विवादित क्रीक क्षेत्र को दो किलोमीटर लंबी और 50 मीटर चौड़ी एक कृत्रिम चैनल खोदकर मिला लिया है।

इस नाले के पास से अक्सर जब्त की जाती हैं ऐसी खाली नावें  कहा जाता है कि साल 2008 में पाकिस्‍तानी आतंकवादियों ने भारतीय मछली पकड़ने वाली नौका ‘कुबेर’ को सर क्रीक तट से जब्‍त किया और वहां से वे गुजरात आए और मुंबई पर हमला किया। इस इलाके में अक्‍सर पाकिस्‍तान की खाली पड़ी नावें जब्‍त की जाती रहती हैं। हरामी नाले के अंदर मछली पकड़ने पर रोक है, लेकिन इसके अंदर झींगा मछली और रेड सैमैन मछली पाई जाती है जिनकी काफी मांग है। इस कारण से यह नाला भारत और पाकिस्‍तान दोनों के मछुआरों के लिए पसंदीदा जगह माना जाता है।

हरामी नाला, खवडा या इसके आसपास से आ सकते हैं आतंकी  खुफिया सूत्रों से मिली जानकारी के बाद पुलिस ने एहतियातन रिलायंस इंडस्‍ट्रीज, मुंद्रा, दीन दयाल पोर्ट की सुरक्षा बढ़ा दी है।

नौसेना ने बढ़ाई तटीय इलाकों की सुरक्षा  गुजरात के कच्‍छ इलाके में कई तेल रिफाइनरियां हैं जिसमें रिलायंस इंडस्‍ट्रीज, मुंद्रा और दीन दयाल पोर्ट और कई बड़े पावर प्‍लांट शामिल हैं। इसके अलावा द्वारका में भगवान कृष्‍ण का विश्‍व प्रसिद्ध मंदिर है इस मंदिर में हर साल लाखों यात्री आते हैं। खुफिया जानकारी के अनुसार, जैश के आतंकवादियों के निशाने पर खंभात की बेहद व्‍यस्‍त खाड़ी भी हो सकती है। खंभात की खाड़ी में इस समय करीब 50 जहाज गुजर रहे हैं। इसके अलावा कच्‍छ की खाड़ी में 100 बड़े जहाज तथा 300 नौकाएं रहती हैं।

जैश-ए-मोहम्‍मद ने कई ‘गोताखोर’ तैयार किए  खुफिया सूत्रों के अनुसार पाक के आतंकी संगठन जैश ने कई ‘गोताखोर’ तैयार किए हैं जो लंबी दूरी तक तैरने के लिए प्रशिक्षित किए हैं और ये पानी के अंदर से हमला कर सकते हैं। इस तरह के प्रशिक्षण की वजह से वे समुद्र, नदी या झीलों के रास्‍ते महत्‍वपूर्ण स्‍थानों तक आसानी से पहुंच सकते हैं। चूंकि, ज्‍यादातर सुरक्षा जमीनी रास्‍ते से की जाती है। इस कमी का आतंकी फायदा उठाने का प्रयास कर सकते हैं। मुंबई हमले के बाद समुद्र तटीय इलाके की सुरक्षा मजबूत की गई है। चूंकि, ये आतंकी गुजरात के इस रास्ते से मुंबई पर हमला करने के लिए गए थे, इस वजह से गुजरात सरकार ने भी तटीय सुरक्षा को बढ़ा दिया है। नौसेना को अंदेशा है क‍ि कच्छ के रण में सरक्रीक के हरामी नाले से पाक‍िस्तानी कमांडो अंदर आ सकते हैं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button